January 1, 2021
पूरी मानवता को
हम अभी एक काले समय का सामना कर रहे हैं।
हममें से कुछ लोग घर पर ही फंसे हुए हैं।
कुछ घर से दूर फंस गए हैं।
हममें से कुछ लोगों की नौकरी चली गई है।
कइयों को अपना धंधा बंद करना पड़ रहा है।
हममें से कुछ लोग खर्चों में कटौती कर रहे हैं।
कुछ तो अपना किराया और बिल भी नहीं भर पा रहे हैं।
कुछ वापस स्कूल नहीं जा सकते।
कुछ अपनी नौकरी पर वापस नहीं जा सकते।
और हम में से कुछ अभी भी दिन-रात काम कर रहे हैं, चाहे वे कितने भी थके हुए क्यों न हों
या कितना खतरनाक है।
हम में से कुछ संक्रमित हो गए हैं।
वे अपने परिवारों, अपने प्रियजनों से अलग-थलग पड़ गए और उन्हें वार्डों में अकेले रहना पड़ा।
या इससे भी बदतर, यह उनके बच्चे, माता-पिता या प्रियजन हैं जो संक्रमित हैं और उनके पास अलविदा कहने का भी मौका नहीं है।
वायरस चरमरा रहा है।
संख्या बढ़ रही है।
अफवाहें फैल रही हैं।भय बढ़ रहा है।
ऐसा लगता है कि अचानक पूरे देश ने अपनी जीवन शक्ति और समृद्धि खो दी।
आप अकेले नहीं हैं जो चिंता कर रहे हैं, आप अकेले नहीं हैं जो डर रहे हैं।
आप अकेले नहीं हैं जो संघर्ष कर रहे हैं।
हम सभी इस समय एक काले समय का सामना कर रहे हैं,
हमारा देश इस समय एक काले समय का सामना कर रहा है।
यह एक युद्ध है!
यह बिना बंदूकों, बमों या धुएं के युद्ध है
लेकिन यह वायरस, शंकाओं, आशंकाओं, अफवाहों और भेदभाव के साथ युद्ध है।
लेकिन हम सब योद्धा होंगे, मेरे प्यारे साथियों!
सिर्फ डॉक्टर ही नहीं, नर्स, पुलिसकर्मी और वैज्ञानिक जिन्हें लड़ना चाहिए,
इस युद्ध में हम सभी को योद्धा बनना चाहिए,
हम डर से लड़ेंगे,
हम अनिश्चितता के खिलाफ लड़ेंगे,
हम शंकाओं से लड़ेंगे,
हम स्वार्थ के खिलाफ लड़ेंगे,
हम अफवाहों के खिलाफ लड़ेंगे,
हम भेदभाव के खिलाफ लड़ेंगे, यह एक भयंकर और क्रूर युद्ध होने जा रहा है,
लेकिन डरो मत,
हम अंत में इस युद्ध को एक साथ जीतने जा रहे हैं!